पंजाब में अगले विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच आम आदमी पार्टी ने अपने ‘मान के मुनाफे’ अभियान के तहत जमीनी जनसंपर्क तेज कर दिया है। पार्टी के विधायक और विधानसभा क्षेत्र प्रभारी अब सीधे लोगों के घरों तक पहुंचकर पंजाब सरकार की योजनाओं और पिछले साढ़े चार वर्षों के कामकाज की जानकारी दे रहे हैं।
पार्टी की ओर से गुरुवार को जारी कार्यक्रम के अनुसार, आज 10 विधानसभा क्षेत्रों में विधायक और हलका प्रभारी घर-घर जाकर लोगों से संवाद करेंगे। इस अभियान का उद्देश्य सरकार की ओर से लागू योजनाओं और विकास कार्यों को सीधे मतदाताओं तक पहुंचाना तथा उनके साथ संवाद स्थापित करना बताया गया है।

‘मान के मुनाफे’ अभियान की शुरुआत सितंबर में मुख्यमंत्री भगवंत मान द्वारा की गई थी। इसके तहत आम आदमी पार्टी के नेता और कार्यकर्ता विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों में घर-घर जाकर सरकार के कामकाज का रिपोर्ट कार्ड लोगों के सामने रख रहे हैं। हाल के दिनों में कई क्षेत्रों में विधायकों ने स्थानीय स्तर पर अभियान शुरू कर लोगों से सीधा संपर्क किया है।
आज के कार्यक्रम में गुरु हरसहाय में विधायक फौजा सिंह सरारी, फिरोजपुर ग्रामीण में विधायक एडवोकेट राजनीश दहिया और रोपड़ में विधायक दिनेश चड्ढा लोगों के बीच पहुंचेंगे। वहीं लुधियाना नॉर्थ में विधायक मदन लाल बग्गा, अमलोह में विधायक गुरिंदर सिंह गैरी और शाहकोट में हलका प्रभारी बलबीर सिंह पाला जलालपुर घर-घर संपर्क करेंगे।
बलाचौर में विधायक संतोष कटारिया, अमृतसर ईस्ट में विधायक जीवनजोत कौर, खरड़ में हलका प्रभारी परमिंदर सिंह गोल्डी और दसूहा में विधायक करमबीर सिंह घुम्मन अभियान के तहत लोगों से मुलाकात करेंगे।
पार्टी के इस अभियान में मुख्य रूप से सरकार की कल्याणकारी योजनाओं, बिजली, शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और अन्य जनहित से जुड़े कार्यक्रमों को लोगों तक पहुंचाने पर जोर दिया जा रहा है। अलग-अलग विधानसभा क्षेत्रों में अभियान के दौरान नेताओं द्वारा लोगों की समस्याएं और सुझाव भी सुने जा रहे हैं। अमृतसर ईस्ट में विधायक जीवनजोत कौर ने हालिया जनसंपर्क के दौरान सरकारी योजनाओं से मिलने वाले लाभों के बारे में लोगों को जानकारी दी।
पंजाब में चुनावी माहौल बनने के साथ ‘मान के मुनाफे’ अभियान का राजनीतिक महत्व भी बढ़ गया है। आम आदमी पार्टी इसे अपने शासन के दौरान किए गए कार्यों और योजनाओं का सीधा रिपोर्ट कार्ड जनता के सामने रखने के अभियान के रूप में पेश कर रही है। पार्टी के नेता घर-घर पहुंचकर यह बताने की कोशिश कर रहे हैं कि सरकारी योजनाओं का लाभ किस प्रकार परिवारों तक पहुंच रहा है।
हालांकि, इस तरह के दावे राजनीतिक दल की ओर से किए जा रहे हैं और योजनाओं के वास्तविक प्रभाव का आकलन उनके क्रियान्वयन, पात्र लाभार्थियों की संख्या और स्वतंत्र रूप से उपलब्ध आंकड़ों के आधार पर किया जाना अलग विषय है।
डोर-टू-डोर अभियान के विस्तार से यह भी संकेत मिलता है कि पंजाब में राजनीतिक दल अब संगठनात्मक स्तर पर मतदाताओं से सीधे संपर्क बढ़ाने पर जोर दे रहे हैं। आम आदमी पार्टी के लिए ‘मान के मुनाफे’ अभियान सरकार की उपलब्धियों को पार्टी के स्थानीय संगठन और निर्वाचित प्रतिनिधियों के माध्यम से प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र तक पहुंचाने का माध्यम बनता दिखाई दे रहा है।
इस अभियान के दौरान विधायकों और हलका प्रभारियों की भूमिका भी महत्वपूर्ण है। वे केवल योजनाओं की जानकारी देने के बजाय स्थानीय लोगों के साथ सीधे संवाद कर रहे हैं और क्षेत्र से जुड़े मुद्दों को सुन रहे हैं। पिछले दिनों बाबा बकाला, नाभा, अमृतसर ईस्ट और अन्य विधानसभा क्षेत्रों में इसी तरह के जनसंपर्क कार्यक्रम आयोजित किए गए हैं।
पंजाब की राजनीति में अगले विधानसभा चुनाव को देखते हुए आने वाले महीनों में ऐसे जनसंपर्क अभियानों का विस्तार होने की संभावना है। ‘मान के मुनाफे’ के जरिए AAP फिलहाल सरकार के कामकाज और योजनाओं को घर-घर तक पहुंचाने पर केंद्रित है। अब इस अभियान से मिलने वाली जन प्रतिक्रिया और विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों में उठने वाले स्थानीय मुद्दे आने वाले राजनीतिक विमर्श का महत्वपूर्ण हिस्सा बन सकते हैं।




