बिलासपुर: पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं हमीरपुर से भाजपा सांसद अनुराग सिंह ठाकुर ने कहा है कि विकसित भारत, गारंटी फॉर रोजगार एंड आजीविका मिशन (ग्रामीण), जिसे ‘जी राम जी’ नाम दिया गया है, मोदी सरकार का एक अभूतपूर्व कदम है, जो ग्रामीण रोजगार व्यवस्था में बुनियादी बदलाव लाएगा। उन्होंने कहा कि यह मिशन न केवल ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करेगा, बल्कि विकसित भारत–2047 के राष्ट्रीय लक्ष्य को हासिल करने में भी अहम भूमिका निभाएगा।
बिलासपुर में आयोजित पत्रकार वार्ता के दौरान अनुराग ठाकुर ने कहा कि कांग्रेस एक बार फिर जनता को भ्रमित कर विकास की प्रक्रिया में बाधा डालने का प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को केवल “गांधी” नाम का सहारा चाहिए, जबकि महात्मा गांधी के सिद्धांतों, ग्राम स्वराज और गरीब कल्याण से उसका कोई वास्तविक जुड़ाव नहीं रहा है। इसके विपरीत, भाजपा सरकार ने गांधी जी के विचारों को न केवल स्वीकार किया, बल्कि उन्हें जमीन पर लागू करने का कार्य किया है।
अनुराग ठाकुर ने कहा कि विकसित भारत–रोजगार और आजीविका मिशन (ग्रामीण) विधेयक, 2025 के जरिए मनरेगा के ढांचे में व्यापक और क्रांतिकारी सुधार किए गए हैं। यह नया कानून ग्रामीण परिवारों को अधिक दिनों तक रोजगार की गारंटी देता है और आजीविका के अवसरों को स्थायी बनाने की दिशा में काम करता है। उन्होंने कहा कि यह मिशन गांवों में आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा देगा और ग्रामीण भारत को आत्मनिर्भर बनाने में मदद करेगा।
कांग्रेस पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि रोजगार गारंटी जैसी योजनाएं 1980 के दशक से चल रही हैं, लेकिन कांग्रेस ने अलग-अलग समय पर इनके नाम बदले। पहले जवाहर रोजगार योजना, फिर जवाहर रोजगार समृद्धि योजना, सम्पूर्ण ग्रामीण रोजगार योजना और 2005 में नरेगा लाई गई। उन्होंने कहा कि 2009 के चुनाव से पहले ही कांग्रेस को महात्मा गांधी याद आए और तब नरेगा के नाम के साथ गांधी जी का नाम जोड़ा गया। अनुराग ठाकुर ने आरोप लगाया कि कांग्रेस का गांधी प्रेम केवल राजनीतिक दिखावा है और गांधी जी के नाम का इस्तेमाल सिर्फ वोट के लिए किया गया।
उन्होंने कहा कि वर्ष 2014 के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में तकनीक के माध्यम से योजनाओं में पारदर्शिता लाई गई है। अब सैटेलाइट निगरानी, जियो टैगिंग और डिजिटल सिस्टम से कार्यों की निगरानी होती है। नई व्यवस्था में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और डिजिटल हाजिरी को अनिवार्य किया गया है, जिससे बिचौलियों की भूमिका लगभग समाप्त हो गई है।
अनुराग ठाकुर ने बताया कि अब मजदूरी का भुगतान सात से दस दिनों के भीतर सीधे लाभार्थियों के खातों में पहुंच रहा है, जबकि पहले इसमें दो से तीन महीने लग जाते थे। मनरेगा के तहत जहां पहले 100 दिन का काम मिलता था, अब उसे बढ़ाकर 125 दिन कर दिया गया है। साथ ही पात्र लाभार्थियों को बेरोजगारी भत्ता देने का भी प्रावधान किया गया है। उन्होंने कहा कि खेती के पीक सीजन में 60 दिन का ब्रेक अनिवार्य कर दिया गया है, जिससे किसान खेती और मनरेगा के बीच असमंजस में न रहें।
पश्चिम बंगाल का उदाहरण देते हुए अनुराग ठाकुर ने कहा कि वहां मनरेगा का पैसा भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के लिए गरीबी राजनीति का आधार है, जबकि भाजपा के लिए गरीब कल्याण सेवा और संकल्प का विषय है। उन्होंने आरोप लगाया कि गरीबी का अंत कांग्रेस की राजनीति का अंत है, इसलिए वह विकास का विरोध करती है।
अनुराग ठाकुर ने कहा कि ‘जी राम जी’ योजना हिमाचल प्रदेश के लिए विशेष रूप से लाभकारी है, क्योंकि इसमें राज्य का योगदान मात्र 10 प्रतिशत होगा। उन्होंने दोहराया कि भाजपा सरकार महात्मा गांधी के ग्राम स्वराज और गरीब कल्याण के सपने को साकार करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और ग्रामीण भारत को विकास की मुख्यधारा में लाने का कार्य कर रही है।



